Zomato Shares : जोमैटो के शेर को हुआ बड़ा नुकसान,कंपनी के मालिक को लगा बड़ा सदमा।
Zomato Shares : आखिर ऐसा क्यों हो रहा है जोमैटो के शेर के धड़ाम हो गए हैं, जोमैटो के शेर मंगलवार को 11% से ज्यादा की गिरावट के साथ 210.15 रुपए पर जा पहुंचा। आप सबको बता दिया जाए की एक कारोबारी दिन पहले जब नतीजे मिले तो यह ग्रीन (Green) से रेड (Red) में बदल गया। हमारे फूड डिलीवरी(Food Delivery)में 20% से ज्यादा सालाना ग्रंथ का अनुमान बताए जा रहा है।

जोमैटो ने जैसे ही अपने दिसंबर तिमाही के नतीजे दिखाएं तो इसके शेयर्स बचने के लिए लाइन लग गई। इसके बाद जोमैटो के नेटवर्क सिर्फ रुपए 59 करोड़ रह चुका है। लोग खाना ऑर्डर करने से पीछे हट नहीं रहे हैं लगातार जमकर इसके जरिए ऑर्डर पर आर्डर कर जा रहे हैं।चालू वित्त वर्ष की दिसंबर तिमाही के दौरान कंपनी का ऑपरेशंस से कंसोलिडेटेड रेवेन्यू एक साल पहले के मुकाबले 64 फीसदी बढ़कर 5405 करोड़ रुपये रहा।
Zomato Shares : आज के समय पर खाना डिलीवरी के जोमैटो जैसे अनगिनत ऐप्स है जिसके द्वारा लोग अपने पसंदीदा खाना को आर्डर करते हैं लोगों को जिस पर ज्यादा ऑफर यानी फायदा या छूट या अच्छा खाना मिल रहा है वह व्यक्ति इस ऐप के द्वारा खाना ऑर्डर करके मंगा रहा है।
Tops food’s delivery app’s ।
Foodpanda
Domino’s
Swiggy
Zomato
Zepto

जोमैटो के शेयर्स आज अचानक आखिरी घंटे में तेजी रफ्तार के साथ-साथ प्रतिशत से अधिक नीचे गिरे। यह गिरावट आई कंपनी के तिमाही नतीजे के बाद जोमैटो ने जैसे ही अपने दिसंबर की माई के नतीजे जा री किया। इसके शेयर्स के लिए बड़ी हुड लगी,ऐसी इसकी तिमाही नतीजे में ऐसी कौन सी बात थी निवेशक को आखिर किस बात से निराशा हुई।
इसके पीछे कि सबसे बड़ी तीन वजह। Zomato Shares
1- पहला कारण है – कि ब्लैंकेट स्टोर्स का आक्रमण विस्तार जोमैटो की तीसरी तिमाही में शुद्ध मुनाफा 57 प्रतिशत गिरकर 59 करोड़ पर आ पड़ा। जोमैटो अपने कॉमर्स प्लेटफार्म ब्लैंकेट पर आए गए ऑर्डर पर पूरा करने के लिए लगातार नए स्टोर्स खोले जा रही है, इसके कारण कुछ समय में ही अत्यधिक खर्च हुआ है। कंपनी ने कहा दिसंबर तिमाही में ब्लैंकेट से जुड़े घाटे में 95 करोड रुपए की बढ़ोतरी हुई।
2- दूसरा कारण है – फूड डिलीवरी बिजनेस में धीमा ग्रोथ होना। जोमैटो की ग्रोथ ऑर्डर्स वैल्यू पिछले तिमाही के मुकाबले सिर्फ दो प्रतिशत बड़ी, यह आंकड़ा निवेशकों के उम्मीद से काफी कम है ,कंपनी के फूड डिलीवरी बिजनेस(Food Delivery Business)के सीईओ (CO )राकेश रंजन ने बताया कि हमारा फूड डिलीवरी बिजनेस में 20% से ज्यादा के सालाना ग्रोथ अनुमान है। लेकिन ग्रोथ इसका हमेशा एक जैसा नहीं होता है,हरदम बदलता रहता है ,अलग-अलग समय पर अलग-अलग होता रहता है। कंपनी ने यह बताया कि नवंबर के दूसरे हाल से डिमांड में गिरावट देखी गई है,जबकि जोमैटो का बहुत भरोसा है
3- तीसरा कारण है – जोमैटो की बढ़ती कर्मचारी लागत दिसंबर तिमाही में कंपनी की कर्मचारी लागत में 21% की बढ़ोतरी हुई है ,यह बढ़ोतरी की दो कारण है। पहला कारण नए कर्मचारियों की भर्ती और दूसरा कारण टैलेंट यानी कर्मचारियों को कब और कैसे क्या करना होता है। कंपनी का कहना है कि ब्लैंकेट और जिला जैसे नए कारोबार में के चलते पहले हायरिंग बढ़ती जो कि इसी वजह से जो मेट्रो को कर्मचारियों को ज्यादा खर्च करना पड़ा है ।

विदेशी ब्रोकरेज हाउस जेफरीज ने जोमैटो के शेयरों को होल्ड रेटिंग दी है। ब्रोकरेज हाउस ने कंपनी के शेयरों के लिए टारगेट प्राइस को 275 रुपये से घटाकर 255 रुपये कर दिया है।एक साल पहले की समान अवधि में जोमैटो का रेवेन्यू 3288 करोड़ रुपये था।आपको बता दे कि सितंबर क्वार्टर के दौरान जोमैटो कंपनी का प्रॉफिट साल दर साल के आधार पर 389 फ़ीसदी से उछल करके 176 करोड़ रुपए पर रिपोर्ट हुआ है
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